Knowledge Base
Glossary
Plain-English definitions for the terminology used across क्रिकेट प्रेमी.
- DLS मेथड
- बारिश या रुकावट की स्थिति में टीम के संशोधित लक्ष्य की गणना करने की अंतरराष्ट्रीय पद्धति, जो बेटिंग परिणामों को सीधे प्रभावित करती है।
- IPL फैंटेसी पॉइंट्स
- IPL में खिलाड़ियों के वास्तविक प्रदर्शन (रन, विकेट, कैच) के आधार पर फैंटेसी प्लेटफॉर्म द्वारा दिए जाने वाले अंक।
- NRR
- नेट रन रेट — टूर्नामेंट में टीम के प्रति ओवर बनाए और दिए गए रनों का अंतर, जो टाई होने पर लीग स्थिति तय करता है।
- RTP
- Return to Player — वह प्रतिशत जो दर्शाता है कि दीर्घकाल में बेटिंग प्लेटफॉर्म कुल दांव का कितना हिस्सा खिलाड़ियों को वापस लौटाता है।
- इन-प्ले बेटिंग
- मैच चलते समय लाइव दांव लगाने की सुविधा, जहाँ ऑड्स हर ओवर या विकेट के साथ वास्तविक समय में बदलते रहते हैं।
- एक्यूमुलेटर बेट
- एक साथ कई क्रिकेट मैचों या घटनाओं पर संयुक्त दांव, जिसमें सभी चयन सही होने पर ही भुगतान मिलता है लेकिन रिटर्न बहुत अधिक होता है।
- ऑड्स
- किसी क्रिकेट घटना के घटित होने की संभावना को संख्यात्मक रूप में दर्शाने वाला अनुपात, जो यह तय करता है कि जीत पर कितना भुगतान मिलेगा।
- ओवर/अंडर
- बुकमेकर द्वारा निर्धारित एक संख्या (जैसे कुल रन) से वास्तविक परिणाम अधिक होगा या कम — इस पर आधारित बेटिंग प्रारूप।
- कैशआउट
- मैच समाप्त होने से पहले अपना दांव आंशिक या पूर्ण रूप से बंद कर लेने की सुविधा, जो नुकसान सीमित या मुनाफ़ा सुनिश्चित करती है।
- टॉप बैट्समैन बेट
- किसी एक पारी या मैच में सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज़ का अनुमान लगाने पर आधारित बेटिंग बाज़ार।
- डेथ ओवर ऑड्स
- मैच के अंतिम 4-5 ओवरों में बनने वाले रनों पर आधारित विशेष बाज़ार, जहाँ ऑड्स तेज़ी से बदलते हैं।
- पावरप्ले बेट
- मैच के पहले 6 ओवरों (पावरप्ले) में बनने वाले रन या विकेट की संख्या पर विशेष रूप से लगाया गया दांव।
- पिच रिपोर्ट बेट
- मैच से पूर्व पिच की प्रकृति (बल्लेबाज़ी/गेंदबाज़ी के अनुकूल) के आकलन पर आधारित प्रारंभिक बेटिंग बाज़ार।
- प्रोवेबली फेयर
- एक क्रिप्टोग्राफिक प्रणाली जो खिलाड़ी को यह सत्यापित करने देती है कि बेटिंग परिणाम हेरफेर-रहित और पूर्णतः यादृच्छिक थे।
- बुकमेकर मार्जिन
- बुकमेकर द्वारा हर बाज़ार में रखा गया छिपा हुआ कमीशन, जो सभी परिणामों के ऑड्स को 100% से अधिक रखकर सुनिश्चित किया जाता है।
- बॉल-बाय-बॉल बेटिंग
- प्रत्येक गेंद के परिणाम (डॉट, सिंगल, चौका, विकेट आदि) पर अलग-अलग दांव लगाने की सूक्ष्म-बेटिंग पद्धति।
- मैच ऑड्स
- मैच का विजेता (टीम A, टीम B या ड्रॉ) चुनने पर आधारित बाज़ार, जो क्रिकेट बेटिंग का सबसे सामान्य प्रकार है।
- रिस्पॉन्सिबल गेम्बलिंग लिमिट
- खिलाड़ी द्वारा स्वयं निर्धारित दैनिक, साप्ताहिक या मासिक जमा/हानि सीमा जो अत्यधिक बेटिंग को नियंत्रित करने में सहायक होती है।
- लाइव ऑड्स मूवमेंट
- इन-प्ले बेटिंग के दौरान विकेट, चौके या मौसम परिवर्तन जैसी घटनाओं के कारण ऑड्स में होने वाला तत्काल उतार-चढ़ाव।
- वेजरिंग रिक्वायरमेंट
- बोनस राशि को निकालने से पहले उसे न्यूनतम कितनी बार दांव पर लगाना अनिवार्य है — इसे टर्नओवर शर्त भी कहते हैं।
- वोलेटिलिटी
- बेटिंग मार्केट में उतार-चढ़ाव की तीव्रता — उच्च वोलेटिलिटी का अर्थ है बड़े लाभ या नुकसान की संभावना, कम वोलेटिलिटी में परिणाम अपेक्षाकृत स्थिर रहते हैं।
- सेशन बेट
- क्रिकेट में किसी एक सत्र (जैसे प्रथम सत्र में 25-35 रन) में बनने वाले रनों की अनुमानित सीमा पर लगाया जाने वाला दांव।
- स्पिन-फ्रेंडली पिच
- ऐसी पिच जो धीमी गेंदबाज़ी को अधिक टर्न और बाउंस देती है, जिससे स्पिनर्स बेटिंग ऑड्स में उस मैच का पलड़ा बदल सकते हैं।
- स्विंग कंडीशन
- ऐसी मौसम और पिच परिस्थितियाँ जिनमें तेज़ गेंद अधिक स्विंग करती है, जो ओपनिंग बेटिंग ऑड्स और विकेट-बाज़ारों को प्रभावित करती हैं।
- हैंडीकैप बेटिंग
- एक बेटिंग प्रकार जिसमें कमज़ोर टीम को काल्पनिक रन-बढ़त दी जाती है ताकि दोनों पक्षों पर दांव लगाना समान रूप से आकर्षक बने।